
- मैंने करियर के शुरुआती दिनों में नाटक व प्रोडक्शन में काफ़ी काम किया था. तब नसीरुदीन शाह के साथ भी काम करने का मौक़ा मिला. उनसे मैंने जाना कि अभिनय करते समय सांस लेने पर ध्यान देना कितना ज़रूरी होता है. अक्सर हम एक्टिंग करते समय अपनी ब्रीदिंग पर उतना गौर नहीं करते जबकि इससे आपकी आवाज़ की लय, सुर बहुत कुछ बदलता है. इसके महत्व को समझते हुए मैंने फिर इसकी ख़ूब प्रैक्टिस की.
- कभी सोचा नहीं था कि साइंस, इंजीनियरिंग करने के बाद एक्टिंग को करियर बनाऊंगा. वैसे मेरे पिता मेरे लिए हमेशा से ही एक स्टेबल करियर की चाह रखते थे.
- कॉमेडी में हंसाने का दबाव बहुत रहता है. इसके लिए मैं गोविंदा, अक्षय कुमार, दिलजीत दोसांज से प्रेरणा लेता रहता हूं. मेरा यह मानना है कि सिचुएशन बेस्ड हंसाना अधिक कठिन है. मैं पर्सनली इमोशनल व ड्रामा वाले सीन्स एंजॉय करता हूं.

मुझे क़िरदार में पूरी तरह से डूब जाना अच्छा लगता है. ऐसा मैंने ‘सैम बहादुर’ और ‘छावा’ के लिए किया था. इससे फ़ायदा यह होता है कि आप एक ही लुक में लंबे समय तक रहते हैं और उसी लुक में आप दूसरी फिल्में कर भी नहीं सकते. ऐसे में क़िरदार को जीने के लिए काफ़ी समय मिल जाता है.
- आज दर्शक फिल्मों में सच्चाई को देखना अधिक पसंद कर रहे हैं, फिर नया एक्टर हो या कोई बड़ा स्टार. कहानी और क़िरदार में दम है तो ‘12वीं फेल’ जैसी फिल्म भी सुपर डुपर हिट हो जाती है. मुझे व्यक्तिगत तौर पर भी यह फिल्म बहुत पसंद आई थी. इसे देख मैं बहुत इमोशनल हो गया था और रोया भी ख़ूब.
- मैं अपने रोल में सच्चाई अधिक देखता हूं. फिर मेरी भूमिका छोटी हो या बड़ी, कोई मायने नहीं रखता. फिर चाहे वो राजकुमार हीरानी जैसे डायरेक्टर की फिल्म में छोटा सा रोल ही क्यों न हों.

‘छावा’ फिल्म में इतिहास को जानने के साथ-साथ मुझे, रश्मिका मंदाना और अक्षय खन्ना के साथ कलाकारों का काम सभी को पसंद आ रहा है, इस बात की बेहद ख़ुशी है.
- हर कोई मुझे और कैटरीना को साथ फिल्में करते हुए देखना चाहता है. हमें भी ऐसी कहानी की तलाश है, जहां हमारी जोड़ी कहानी के अनुकूल हो.

- ऊपरवाले ने किसके साथ आपकी जोड़ी बनाई है. कभी सोचा नहीं था कि एक दिन ऐसा भी आएगा कि हम दोनों जुड़ेंगे और साथ एक छत के नीचे जीवन बिताएंगे.
- मेरी नज़र में स्टार की अहमियत तब बहुत ख़ास हो जाती है जब लोग उसकी ट्रेलर या कहानी को देखकर नहीं, बल्कि उसके लिए फिल्म देखते हैं.
- ऊषा गुप्ता

Photo Courtesy: Freepik

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